
Nug Badiya
Nug Badiya Lyrics
Nug Badiya Diksha Dhoundiyal की आवाज़ में एक खूबसूरत कुमाऊँनी गीत है, जो 5 जुलाई 2025 को रिलीज़ हुआ था। गीत के बोल Kamal Joshi ने लिखे हैं, जबकि इसका प्रोडक्शन Kamal Joshi और Vishal Sharma ने संभाला है। इस गीत की सबसे खास बात यह है कि…
Nug Badiya Diksha Dhoundiyal की आवाज़ में एक खूबसूरत कुमाऊँनी गीत है, जो 5 जुलाई 2025 को रिलीज़ हुआ था। गीत के बोल Kamal Joshi ने लिखे हैं, जबकि इसका प्रोडक्शन Kamal Joshi और Vishal Sharma ने संभाला है। इस गीत की सबसे खास बात यह है कि इसकी पूरी कल्पना कुमाऊँ की लोक-संस्कृति, पारंपरिक आभूषणों और पहाड़ी जीवन की सहज खूबसूरती के इर्द-गिर्द बुनी गई है।
गीत में एक युवती सुनार से अपने लिए एक सुंदर नथुली, यानी पारंपरिक कुमाऊँनी सोने की नथ, बनवाने की फरमाइश करती है। वह चाहती है कि उसमें अच्छे नग जड़े हों, लाल डोरी लगी हो और वह इतनी सुंदर बने कि जब वह उसे पहनकर अल्मोड़ा बाज़ार से गुज़रे, तो लोगों की नज़र उसी पर ठहर जाए। उसकी बातों में सिर्फ सजने-संवरने की इच्छा नहीं है, बल्कि एक शरारती आत्मविश्वास भी है। वह मज़ाकिया अंदाज़ में कहती है कि लोग उससे पूछेंगे कि इतनी सुंदर नथ किस सुनार ने बनाई, और वह गर्व से उसी सुनार का नाम बताएगी।
आगे गीत की कल्पना और भी रंगीन हो जाती है। युवती सोचती है कि उसे देखकर आसमान के तारे जल उठेंगे, धरती के फूल खिल जाएंगे और उसकी नथुली तथा चेहरे की सुंदरता देखकर चाँद तक शर्मा जाएगा और बादलों में छिप जाएगा। यही बढ़ा-चढ़ाकर कही गई बातें गीत को उसका चुलबुला और लोकगीत जैसा रंग देती हैं। यह प्रेमगीत से अधिक अपने रूप, अपने श्रृंगार और अपनी सांस्कृतिक पहचान का उत्सव महसूस होता है।
Nug Badiya में अल्मोड़ा बाज़ार, सोने की नथुली, लाल डोरी, नग और तोले जैसी छोटी-छोटी चीज़ें गीत को सीधे कुमाऊँ की जमीन से जोड़ती हैं। इसलिए यह सिर्फ एक catchy regional song नहीं लगता, बल्कि उस लोक-संस्कृति की झलक भी देता है जिसमें आभूषण केवल सजावट नहीं होते, बल्कि पहचान, परंपरा और गर्व का हिस्सा होते हैं। Diksha Dhoundiyal की प्रस्तुति इस चुलबुलेपन को और जीवंत बनाती है, जिससे गीत पारंपरिक भाव रखते हुए भी आज के श्रोताओं के लिए सहज और याद रह जाने वाला बन जाता है।
Nag badhiya, laal dori...
सुंदर नग जड़ देना, और लाल डोरी लगा देना...
Khar sunai ma, bhin sunaara
खरे सोने में बनाना, मेरे प्यारे सुनार
Nathuli meri gadai de
मेरे लिए एक सुंदर पारंपरिक कुमाऊँनी नथुली बना देना
Mer bhina sunaara, laagchhai bada pyaara
मेरे प्यारे सुनार, तुम बड़े अच्छे लगते हो
Nathuli bhali-bhali banai de, koon saai chanaara
मेरी नथुली जितनी सुंदर बना सको, उतनी सुंदर बना देना, ओ हुनरमंद कारीगर
Nag badhiya jadai de, laal dori chadhai de
उसमें बढ़िया नग जड़ देना और लाल डोरी लगा देना
Khar sunai ma, bhin sunaara, nathuli meri gadai de
खरे सोने में, मेरे प्यारे सुनार, मेरी नथुली बना देना
Nag badhiya jadai de, laal dori chadhai de
उसमें बढ़िया नग जड़ देना और लाल डोरी लगा देना
Khar sunai ma, bhin sunaara, nathuli meri gadai de
खरे सोने में, मेरे प्यारे सुनार, मेरी नथुली बना देना
Haan, tol main tola mila ber dwi tolai ki banai de
हाँ, एक तोले में एक तोला और मिलाकर इसे पूरे दो तोले की बना देना
Tol main tola mila ber dwi tolai ki banai de
एक तोले में एक तोला और मिलाकर इसे दो तोले की बना देना
Hoye, dwi tolai ki banai de
हाँ, पूरे दो तोले की बना देना
Haaye, nag badhiya...
हाय, वे खूबसूरत नग...
Nag badhiya jadai de, laal dori chadhai de
उसमें बढ़िया नग जड़ देना और लाल डोरी लगा देना
Khar sunai ma, bhin sunaara, nathuli meri gadai de
खरे सोने में, मेरे प्यारे सुनार, मेरी नथुली बना देना
Mere bhina sunaara
मेरे प्यारे सुनार
Jab jyunlo main nathuli pairi Almora bajaar ma
जब मैं नथुली पहनकर अल्मोड़ा बाज़ार से गुजरूँगी
Sabki nazar chaaye rauli ek nai hazaar ma
हज़ारों के बीच भी सबकी नज़र मुझ पर ही टिक जाएगी
(Ek nai hazaar ma)
(हज़ारों में एक)
Haaye, jab jyunlo main nathuli pairi Almora bajaar ma
हाय, जब मैं नथुली पहनकर अल्मोड़ा बाज़ार से गुजरूँगी
Sabki nazar chaaye rauli ek nai hazaar ma
हज़ारों के बीच भी सबकी नज़र मुझ पर ही टिक जाएगी
Jo puchhalau, "Kaili banaai? Ko chhai woh sunaar, haan?"
और जब लोग पूछेंगे, “यह किसने बनाई? वह सुनार कौन है?”
Tyaar naamai ke lyunlo tab, kas laage vichaar, haan?
तब मैं तुम्हारा ही नाम लूँगी, बताओ, कैसा लगेगा यह खयाल?
Tu nag badhiya...
तुम बस सबसे बढ़िया नग चुनना...
Nag badhiya jadai de, laal dori chadhai de
उसमें सुंदर नग जड़ देना और लाल डोरी लगा देना
Khar sunai ma, bhin sunaara, nathuli meri gadai de
खरे सोने में, मेरे प्यारे सुनार, मेरी नथुली बना देना
(Khar sunai ma, bhin sunaara, nathuli meri gadai de)
(खरे सोने में, मेरे प्यारे सुनार, मेरी नथुली बना देना)
Aakaas ka taara saara main dekhi bai jal jaala
मुझे देखकर आसमान के सारे तारे भी जलने लगेंगे
Phool saara dharti ko yau main dekhi bai khil jaala
मुझे देखकर धरती के सारे फूल खिल उठेंगे
(Arey, main dekhi bai jal jaala)
(अरे, मुझे देखकर वे भी जल उठेंगे)
Haaye, aakaas ka taara saara main dekhi bai jal jaala
हाय, मुझे देखकर आसमान के सारे तारे भी जलने लगेंगे
Phool saara dharti ko yau main dekhi bai khil jaala
मुझे देखकर धरती के सारे फूल खिल उठेंगे
Nathuli meri yas banaaye chaand lai sharma jaalo
मेरी नथुली ऐसी बनाना कि चाँद भी उसे देखकर शर्मा जाए
Baan dekh meri mukhudi baadal main luk jaalau
मेरे चेहरे की सुंदरता देखकर वह बादलों में जा छिपे
Nag badhiya, haan-haan
बढ़िया नग, हाँ-हाँ
Nag badhiya jadai de, laal dori chadhai de
उसमें सुंदर नग जड़ देना और लाल डोरी लगा देना
Khar sunai ma, bhin sunaara, nathuli meri gadai de
खरे सोने में, मेरे प्यारे सुनार, मेरी नथुली बना देना
Haan, tol main tola mila ber dwi tolai ki banai de
हाँ, एक तोले में एक तोला और मिलाकर इसे पूरे दो तोले की बना देना
Tol main tola mila ber dwi tolai ki banai de
एक तोले में एक तोला और मिलाकर इसे दो तोले की बना देना
Hoye, dwi tolai ki banai de
हाँ, पूरे दो तोले की बना देना
Haaye, nag badhiya...
हाय, वे खूबसूरत नग...
Nag badhiya jadai de, laal dori chadhai de
उसमें बढ़िया नग जड़ देना और लाल डोरी लगा देना
Khar sunai ma, bhin sunaara, nathuli meri gadai de
खरे सोने में, मेरे प्यारे सुनार, मेरी नथुली बना देना
Nathuli meri gadai de
मेरे लिए नथुली बना देना
Mer bhina sunaara, laagchhai bada pyaara
मेरे प्यारे सुनार, तुम बड़े अच्छे लगते हो
Nathuli bhali-bhali banai de, koon saai chanaara
मेरी नथुली जितनी सुंदर बना सको, उतनी सुंदर बना देना, ओ हुनरमंद कारीगर
Lyric explanations
Word meaningNathuli
Hindi Meaning
कुमाऊँ क्षेत्र की पारंपरिक सोने की नथ, जो अक्सर बड़ी, सुंदर और सजी हुई होती है, और खास तौर पर शादी-ब्याह या त्योहारों में पहनी जाती है।
FULL DETAILS
Song credits
| Performed by | Diksha Dhoundiyal |
|---|---|
| Written by | Kamal Joshi |
| Music by | Kamal Joshi & Vishal Sharma |
| Genre | Regional Indian |
| Released | July 5, 2025 |





